कोरोना वायरसः इंफ़ेक्शन से बचने के लिए क्या करें, क्या न करें

सांसों की तकलीफ़ बढ़ाने वाले इस वायरस की पहचान वुहान शहर में पहली बार हुई. तेज़ी से फैलने वाला ये संक्रमण निमोनिया जैसे लक्षण पैदा करता है.


चीनी अधिकारियों ने संक्रमण को बढ़ने से रोकने के लिए कुछ शहरों को देश के बाक़ी हिस्सों से अलग-थलग करके रखा हुआ है.


ये चीन में नए साल के जश्न का समय है लेकिन बदली हुई परिस्थितियों में कई प्रमुख कार्यक्रम रद्द कर दिए गए हैं.


हम नीचे दिए हुए छह मैप्स और ग्राफिक्स के ज़रिए ये समझाने की कोशिश कर रहे हैं कि चीन में आख़िर क्या चल रहा है.


चीन में कोरोना वायरस से सैंकड़ों लोग संक्रमित हैं. देश के लगभग बीच में पड़ने वाला हुबेई प्रांत कोरोना वायरस से सबसे ज़्यादा प्रभावित क्षेत्रों में से है. विश्व स्वास्थ्य संगठन ने आने वाले समय में कोरोना वायरस से संक्रमित मामलों के बढ़ने की चेतावनी दे रखी है.


चीनी अधिकारियों ने भी कोरोना वायरस के संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए कई तरह के कदम उठाये हैं. हुबेई प्रांत के कई शहरों में यात्रा प्रतिबंध लागू कर दिए गए हैं और आम लोगों से सार्वजनिक जगहों पर मास्क पहनकर रहने के लिए कहा गया है.


चीन की सरकार ने शंघाई की फ़ॉरबिडेन सिटी और ग्रेट वॉल ऑफ़ चीन के कुछ हिस्सों, यहां तक कि कई बौद्ध मंदिरों को भी बंद कर दिया है. ये चीन में नए साल के जश्न का समय है, हफ़्ते भर की छुट्टियां शुरू हो गई हैं, लाखों लोग घर जाने के लिए यात्राएं करते हैं.


और ऐसे समय में प्रतिबंधों की लिस्ट लंबी होती जा रही है. फिलहाल विश्व स्वास्थ्य संगठन ने कोरोना वायरस को 'अंतरराष्ट्रीय आपातकाल' का दर्ज नहीं दिया है. इसकी वजह ये है कि चीन के बाहर कोरोना वायरस के संक्रमण के मामले कम सामने आए हैं.


विश्व स्वास्थ्य संगठन के महानिदेशक डॉक्टर टेड्रोस एडहानोम ग़ेब्रेयेसुस ने कहा, "कोई ग़लती न करें. ये मुश्किल समय है. चीन में आपातकाल जैसी स्थिति है.